इंद्रा एक्सप्रेस नेटवर्क
जौनपुर। शहर के सिपाह स्थित जामिया लिल बनात के कैंपस में सेमिनार हुआ जिसका विषय 'नई पीढ़ी, उनकी शिक्षा और संस्कार और हमारी जिम्मेदारी' था। मुख्य अतिथि इलाहाबाद हाईकोर्ट के लखनऊ बैंच के न्यायाधीश सैयद कमर हसनैन रिजवी एवं विशिष्ट अतिथि जौनपुर न्यायालय के एसीजेएम मुकीम अहमद और जावेद शगिर रहे।इस मौके पर मुख्य अतिथि श्री रिजवी ने नई पीढ़ी की शिक्षा और संस्कार पर विस्तृत से व्याख्यान किया। साथ ही बताया कि यह हमारी जिम्मेदारी है कि नए पौधे के रूप में उगने वाली नई पीडिओ को किस तरीके से उनके मस्तिष्क को उस और मोड दिया जाय जिसमें उनकी रुचि ज्यादा हो, अन्यथा रुचि से हटकर दूसरे विषयों पर उनकी शिक्षा को नया आयाम नहीं दिया जा सकता।इसी क्रम में जावेद शगिर फाउंडर एवं मैनेजर शिबली आरसीए ने बताया कि शिक्षा के लिए लोगों को एकजुट होकर ज्यादा से ज्यादा चंदा देकर हर मोहल्ले और हर कस्बे में नए-नए शिक्षा के केंद्र खोलने होंगे, ताकि नई पीढ़ी को सारी सुविधाएं वहां से मिले। इसी क्रम में डा. सरफराज़ खान ने भी शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला।मौलाना अनवार अहमद कासमी अध्यक्ष एवं फाउंडर ने बताया कि जब आदमी समाज में कुछ नया करना चाहता है तो उसके लिए रास्ते अपने आप बन जाते हैं। बस एक बार अपने अंदर एक अलख जगाकर निकलना चाहिए। कारवां अपने आप बन जाता है। सेमिनार शिक्षा एवं नौजवानों की नई पीढ़ी और हमारी जिम्मेदारी पर अन्य वक्ताओं ने भी व्याख्यान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता एडवोकेट सलमान अहमद खान एवं संचालन अकरम अहमद ने किया। इस अवसर पर हुजैफा खान, अंसार अहमद, रियाजुल हक सहित तमाम लोग मौजूद रहे।